उत्तराखंड: नैनीताल की श्रेया ने रोशन किया उत्तराखंड का नाम, विश्व के 11 टॉप विश्वविद्यालयों में पाया ये खास मुकाम

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Pahad prabhat News Nainital: उत्तराखंड की बेटियां आज देश में ही नहीं बल्कि पूरे विश्व में अपना डंका बजा रही है। आज पहाड़ की बेटियां हर क्षेत्र में आगे है। अब नैनीताल की बेटी में उत्तराखंड का नाम पूरे विश्व में रोशन कर दिया है। आल सेंटस कॉलेज नैनीताल की 12वीं कक्षा की छात्रा श्रेया उपाध्याय ने विश्व के 11 शीर्षतम विश्वविद्यालयों में अपना प्रवेश सुनिश्चित कर अपने विद्यालय का नाम रोशन किया है।

श्रेया ने कड़ी मेहनत से अमेरिका में यूनिवर्सिटी ऑफ कोलोराडो बोल्डर, यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया संेडिएगो, यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया सांता क्रूज, यूनिवर्सिटी ऑफ इलेनॉइस-अरबाना शैम्पेन, यूनिवर्सिटी ऑफ विस्कॉन्सिन मैडिसन तथा यूनाइटेड किंगडम के श्रेष्ठतम विश्वविद्यालयो-यूनिवर्सिटी कॉलेज लंदन, यूनिवर्सिटी ऑफ मेनचेस्टर, किंग्स कॉलेज लंदन, यूनिवर्सिटी ऑफ एडिनबर्घ तथा सेंट एंड्रयूज यूनिवर्सिटी एवं फ्रांस के इकोल यूनिवर्सिटी में भौतिकी एवं गणित की उच्च शिक्षा के लिए प्रवेश अर्जित किया है। साथ ही उन्होंने यूनिवर्सिटी ऑफ कोलोराडो बोल्डर में लाखों छात्रों में सर्वोत्तम 17 की सूची में स्थान पाया है तथा उन्हें चांसलर स्कालरशिप भी प्रदान की गयी है।

वहीं यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया के सांता क्रूज में उन्हें ऑनर स्कॉलर होने के नाते ‘टॉप स्कॉलर डीन स्कालरशिप’ प्रदान की गयी है। फ्रांस के जिस इकोल विश्वविद्यालय में उनका चयन हुआ है, उसमें पूरे विश्व के मात्र 70 विद्यार्थियों का ही चयन होता है। बता दे कि कोविद-19 की महामारी के चलते इस बार सभी शीर्ष विश्वविद्यालयो में सर्वाधिक प्रवेशार्थी होने के कारण प्रवेश प्रक्रिया में अत्यधिक कठिन प्रतिस्पर्धा थी। श्रेया की भौतिकी में गहन रूचि है। उन्होंने भौतिकी में तीन परिकल्पनाएँ भी दी हैं। पढ़ाई के अलावा श्रेया भारतीय शास्त्रीय संगीत में भी अध्यनरत हैं तथा वायलिन एवं गिटार में उन्हें बहुत रूचि हैं।

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उनके पिता डॉ. राजीव उपाध्याय कुमाऊं विश्वविद्यालय के भूगर्भ विज्ञान विभाग में प्रोफेसर है जबकि माता डॉ. इरा उपाध्याय वन एवं पर्यावरण विभाग में सहायक प्राध्यापक हैं। अपनी इस उपलब्धि का श्रेय श्रेया ने भगवान को दिया हैं, उन्होंने अपने नाना-नानी, दादा-दादी एवं माता-पिता को अपना प्रेरणास्त्रोत बताया हैं।

पहाड़ प्रभात डैस्क

समाजशास्त्र में मास्टर की डिग्री के साथ (MAJMC) पत्रकारिता और जनसंचार में मास्टर की डिग्री। पत्रकारिता में 15 वर्ष का अनुभव। अमर उजाला, वसुन्धरादीप सांध्य दैनिक में सेवाएं दीं। प्रिंट और डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म में समान रूप से पकड़। राजनीतिक और सांस्कृतिक के साथ खोजी खबरों में खास दिलचस्‍पी। पाठकों से भावनात्मक जुड़ाव बनाना उनकी लेखनी की खासियत है। अपने लंबे करियर में उन्होंने ट्रेंडिंग कंटेंट को वायरल बनाने के साथ-साथ राजनीति और उत्तराखंड की संस्कृति पर लिखने में विशेषज्ञता हासिल की है। वह सिर्फ एक कंटेंट क्रिएटर ही नहीं, बल्कि एक ऐसे शख्स हैं जो हमेशा कुछ नया सीखने और ख़ुद को बेहतर बनाने के लिए तत्पर रहते हैं। देश के कई प्रसिद्ध मैगजीनों में कविताएं और कहानियां लिखने के साथ ही वह कुमांऊनी गीतकार भी हैं अभी तक उनके लिखे गीतों को कुमांऊ के कई लोकगायक अपनी आवाज दे चुके है। फुर्सत के समय में उन्हें संगीत सुनना, किताबें पढ़ना और फोटोग्राफी पसंद है। वर्तमान में पहाड़ प्रभात डॉट कॉम न्यूज पोर्टल और पहाड़ प्रभात समाचार पत्र के एडिटर इन चीफ है।