उत्तराखंड:(बड़ी खबर)- नहीं बदला गया है किसी भी स्टेडियम का नाम, पढ़ लीजिए खबर

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Dehradun News: खेल विभाग द्वारा सूचित किया गया है कि उत्तराखण्ड में किसी भी स्टेडियम का नाम नहीं बदला गया है। केवल सम्पूर्ण खेल परिसर को नाम दिया गया है। विभिन्न खेल अवस्थापना सुविधाओं के जो नाम पूर्व से प्रचलित हैं, वे यथावत् रहेंगे। भविष्य में बनने वाली खेल अवस्थापनाएं इसी परिसर में समाहित रहेगी।

खेल विभाग द्वारा रायपुर खेल परिसर देहरादून का नाम रजत जयंती खेल परिसर, गौलापार खेल परिसर हल्द्वानी का मानसखंड खेल परिसर, रूद्रपुर खेल परिसर ऊधमसिंह नगर का शिवालिक खेल परिसर तथा रोशनाबाद खेल परिसर हरिद्वार का नाम योग स्थली खेल परिसर किया गया है।

इस संबंध में प्रभारी अपर निदेशक खेल श्री अजय कुमार अग्रवाल ने विज्ञप्ति जारी कर संपूर्ण जानकारी दी है। विज्ञप्ति के अनुसार रजत जयंती खेल परिसर के अन्तर्गत निर्मित महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज, रायपुर देहरादून, राजीव गांधी अन्तर्राष्ट्रीय क्रिकेट सोसाइटी एवं अन्य सभी अवस्थापना सुविधाओं का नाम पूर्ववत रखा गया है।

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मानसखंड खेल परिसर हल्द्वानी के अन्तर्गत निर्मित इंदिरा गांधी अन्तर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम एवं स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स सोसाइटी, हॉकी ग्राउण्ड, तरणताल, मल्टीपरपज हॉल एवं अन्य सभी अवस्थापना सुविधाओं का नाम पूर्ववत रखा गया है। शिवालिक खेल परिसर ऊधमसिंह नगर के अन्तर्गत निर्मित मनोज सरकार स्टेडियम, मल्टीपरपज हॉल, वेलोड्रम एवं योगस्थली खेल परिसर हरिद्वार के अन्तर्गत निर्मित वंदना कटारिया हॉकी स्टेडियम, मल्टीपरपज हॉल, तरणताल एवं अन्य सभी अवस्थापना सुविधाओं का नाम पूर्ववत रखा गया है। इनमें कोई बदलाव नहीं किया गया है।

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अपर निदेशक खेल द्वारा जारी विज्ञप्ति में यह भी उल्लेख किया गया है कि विभिन्न समाचार पत्रों एवं सोशल मीडिया पर यह खबर चल रही है कि उक्त परिसरों में स्थापित स्टेडियमों के पूर्व में किये गये नामकरण को समाप्त करते हुये नए नामकरण किये गये हैं। उन्होंने ऐसी सूचनाओं को भ्रामक एवं तथ्यों से परे बताते हुए स्पष्ट किया है कि पूर्व में नामांकित किए गए किसी भी स्टेडियम का नाम नहीं बदला गया है।

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पहाड़ प्रभात डैस्क

समाजशास्त्र में मास्टर की डिग्री के साथ (MAJMC) पत्रकारिता और जनसंचार में मास्टर की डिग्री। पत्रकारिता में 15 वर्ष का अनुभव। अमर उजाला, वसुन्धरादीप सांध्य दैनिक में सेवाएं दीं। प्रिंट और डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म में समान रूप से पकड़। राजनीतिक और सांस्कृतिक के साथ खोजी खबरों में खास दिलचस्‍पी। पाठकों से भावनात्मक जुड़ाव बनाना उनकी लेखनी की खासियत है। अपने लंबे करियर में उन्होंने ट्रेंडिंग कंटेंट को वायरल बनाने के साथ-साथ राजनीति और उत्तराखंड की संस्कृति पर लिखने में विशेषज्ञता हासिल की है। वह सिर्फ एक कंटेंट क्रिएटर ही नहीं, बल्कि एक ऐसे शख्स हैं जो हमेशा कुछ नया सीखने और ख़ुद को बेहतर बनाने के लिए तत्पर रहते हैं। देश के कई प्रसिद्ध मैगजीनों में कविताएं और कहानियां लिखने के साथ ही वह कुमांऊनी गीतकार भी हैं अभी तक उनके लिखे गीतों को कुमांऊ के कई लोकगायक अपनी आवाज दे चुके है। फुर्सत के समय में उन्हें संगीत सुनना, किताबें पढ़ना और फोटोग्राफी पसंद है। वर्तमान में पहाड़ प्रभात डॉट कॉम न्यूज पोर्टल और पहाड़ प्रभात समाचार पत्र के एडिटर इन चीफ है।