उत्तराखंड: पहाड़ में बेटी की डोली उठने से पहले उठी पिता की अर्थी, कोरोना से शादी के दिन पिता की मौत

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Pahad Prabhat News Champawat: कोरोना ने कई लोगों की जिंदगी तबाह कर दी। कई घरों के चिराग बुझ गये तो कई खुशहाल घरों में मातम पसर गया। मामला चंपावत का है। जहां एक रिटायर्ड आईटीबीपी के सूबेदार का अपनी दुलारी बेटी को अपने हाथों विदा करने का सपना शादी की ठीक सुबह टूट गया। दुल्हन के कोरोना पॉजिटिव पिता की शादी की सुबह जिला अस्पताल में मौत हो गई। पिता की मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया। पल भर मेंं बेटी की शादी की खुशियां मना रहे परिवार में कोहराम मच गया। बेटी की डोली उठने से पहलेे एक बाप की अर्थी घर से उठ गई। पूरा माहौल गमगीन हो गया।

जिले के कोलीढेक निवासी छत्तर सिंह की बेटी का 25 मई को विवाह होनी थी। सोमवार को हल्दी रस्म का आयोजन भी हो गया था। मंगलवार को खटीमा से दूल्हे के पक्ष के पांच लोग आने थे। खटीमा से दूल्हे पक्ष के लोग घर से निकलने ही वाले थे, तभी दुल्हन के पिता के मौत हो गई। शादी के कपड़ों में सजी दुल्हन की खुशियां पल भर में बर्बाद हो गई। जिस घर में दूल्हा का इंतजार हो रहा था वहां मातम पसर गया। बेटी की डोली से पहले बाप की अर्थी घर से निकल गई।

दुल्हन केे पिता की मौत के बाद शादी टाल दी गई। खटीमा से आने वाली बरात को भी आनन-ानन रोकना पड़ा। जानकारी देते हुए जिला अस्पताल के पीएमएस डा. आरके जोशी ने बताया कि कोलीढेक निवासी छत्तर सिंह 63 वर्षीय की कोरोना संक्रमण से सोमवार रात मौत हो गई। ऑक्सीजन का स्तर बेहद कम होने गंभीर संक्रमण केे चलते उसकी मौत हो गई। छत्तर सिंह की मौत के बाद पूरे परिवार में कोहराम मच गया। जिस बाप ने अपनी बेटी की विदाई के सपने पाले थे, विदाई से पहले उसी बाप की अर्थी घर से निकल गई। जिसके बाद बरात को टाल दिया गया।

पहाड़ प्रभात डैस्क

समाजशास्त्र में मास्टर की डिग्री के साथ (MAJMC) पत्रकारिता और जनसंचार में मास्टर की डिग्री। पत्रकारिता में 15 वर्ष का अनुभव। अमर उजाला, वसुन्धरादीप सांध्य दैनिक में सेवाएं दीं। प्रिंट और डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म में समान रूप से पकड़। राजनीतिक और सांस्कृतिक के साथ खोजी खबरों में खास दिलचस्‍पी। पाठकों से भावनात्मक जुड़ाव बनाना उनकी लेखनी की खासियत है। अपने लंबे करियर में उन्होंने ट्रेंडिंग कंटेंट को वायरल बनाने के साथ-साथ राजनीति और उत्तराखंड की संस्कृति पर लिखने में विशेषज्ञता हासिल की है। वह सिर्फ एक कंटेंट क्रिएटर ही नहीं, बल्कि एक ऐसे शख्स हैं जो हमेशा कुछ नया सीखने और ख़ुद को बेहतर बनाने के लिए तत्पर रहते हैं। देश के कई प्रसिद्ध मैगजीनों में कविताएं और कहानियां लिखने के साथ ही वह कुमांऊनी गीतकार भी हैं अभी तक उनके लिखे गीतों को कुमांऊ के कई लोकगायक अपनी आवाज दे चुके है। फुर्सत के समय में उन्हें संगीत सुनना, किताबें पढ़ना और फोटोग्राफी पसंद है। वर्तमान में पहाड़ प्रभात डॉट कॉम न्यूज पोर्टल और पहाड़ प्रभात समाचार पत्र के एडिटर इन चीफ है।