Health Tips: क्या है पीरियड्स आने की सही उम्र, लड़कियों को जानकारी होनी जरूरी…

खबर शेयर करें

Right Age of Periods: पीरियड्स, जिसे मासिक धर्म, रजोधर्म या मेंस्ट्रुअल साइकिल भी कहा जाता है, महिलाओं के जीवन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है. यह एक प्राकृतिक प्रक्रिया है, जिसमें यूटरस की परत मासिक रूप से छूटती है और वजाइना से ब्लड के रूप में बाहर निकलती है. यह प्रक्रिया हर महीने 5 दिनों तक चलती है. आज भी महिलाओं में पीरियड्स को लेकर कंफ्यूजन रहता है. ज्यादातर महिलाएं इस बात से अनजान हैं कि आखिरकार पीरियड्स आने की सही उम्र क्या है? और पहली बार पीरियड्स के क्या लक्षण दिखाई देते हैं?

एक्सपर्ट्स की मानें तो किसी भी महिला में पीरियड्स आने की उम्र तय नहीं की जा सकती है. लड़कियों को हार्मोन, बॉडी स्ट्रक्चर और जीन्स के आधार पर पीरियड्स होते हैं. ज्यादातर लड़कियों को पहली बार पीरियड्स 10 से 15 साल की उम्र में होते हैं. वहीं कुछ को 16 से 18 साल के बीच में पीरियड्स आ जाते हैं, लेकिन कुछ लड़कियों के 9 साल की उम्र में यह प्रोसेस शुरू हो जाता है.

यह भी पढ़ें 👉  हल्द्वानी: भाजपा प्रदेश महामंत्री अजय कुमार ने पौधरोपण कर किया एक वृक्ष माँ के नाम कार्यक्रम का शुभारंभ

पहली बार पीरियड्स आने पर ज्यादातर लड़कियों को यह पता भी नहीं होता है कि यह क्या है और क्यों होता है? इसकी शुरूआत होने पर बॉडी को कुछ सिग्नल जैसे पैरों, अंडरआर्म और वजाइना पर बाल आना शामिल है. इसके अलावा पीरियड्स शुरू होने से पहले वजाइना से खून के छोटे थक्के निकलने लगते हैं. चेहरे पर अचानक पिंपल्स निकलना, सीने, पीठ और कमर में दर्द होने पर भी पीरियड्स आने की संभावना बढ़ जाती है. कब्ज और शरीर में थकान महसूस होना भी इसका संकेत देता है.

यह भी पढ़ें 👉  Breaking: धामी कैबिनेट की बैठक खत्म, 7वें वेतनमान पर लिया ये निर्णय

एक्सपर्ट के अनुसार पहली बार पीरियड्स आने पर बहुत कम ब्लीडिंग होती है, जिसमें लाल और भूरे रंग के खून के धब्बे दिखाई देते हैं. समय के साथ हार्मोन स्टेबल होते हैं और पीरियड्स सर्कल रेगुलर हो जाता है. पहली बार पीरियड्स में 6 चम्मच के बराबर खून निकलता है. इस दौरान ज्यादा ब्लीडिंग होने पर घबराने की जरूरत नहीं होती है, लेकिन डॉक्टर से सलाह लेना बेहतरीन विकल्प है.

Ad
Ad Ad Ad Ad Ad Ad

पहाड़ प्रभात डैस्क

संपादक - जीवन राज ईमेल - [email protected]