उत्तराखंड: अब डाकिया खुद आयेगा आपके घर, ऐसे बनेगा आपके बच्चे का आधार कार्ड

खबर शेयर करें

Children’s Aadhar Card: अपने 5 साल तक के बच्चों का आधार कार्ड नहीं बनवाया उनके लिए अच्छी खबर है। शहर से लेकर देहात तक अब 5 साल तक की उम्र के बच्चों के आधार कार्ड को बनवाने के लिए डाक विभाग अभिभावकों की मदद करेगा। अभिभावकों को बच्चों को लेकर जाने की जरूरत भी नहीं होगी। 

डाकिया खुद लोगों के घर आकर बच्चों का आधार कार्ड बनवाएंगे। इस अभियान के लिए डाकियों की विशेष टीम तैयार की गई है। यह भारतीय डाक भुगतान बैंक (इंडिया पोस्ट पेमेंट बैंक) और डाक विभाग की भागीदारी से बनाए जाएंगे। डाक विभाग फिर से आधार कार्ड बनाने व सुधार करने के लिए अभियान चलाने जा रहा है। इस अभियान के तहत पांच वर्ष से कम उम्र के बच्चों का आधार कार्ड डाकिया घर जाकर बनाएगा। 

शहर या गांव के लोग नजदीक के डाकघरों में जाकर आधार कार्ड बनवा सकते हैं या सुधार करा सकते हैं। यदि किसी व्यक्ति का आधार कार्ड में मोबाइल नंबर गलत है या बदलवाना है तो इसके लिए डाकघर आने की आवश्यकता नहीं होगी, डाकिया ही हैंड हेल्ड मशीन द्वारा मोबाइल नंबर में सुधार कर देगा। शीघ्र ही आधार कार्ड बनाने को अभियान चलाया जाएगा। बता दें कि डाकिया के अलावा पोस्ट इन्फो मोबाइल एप के माध्यम से भी ऑनलाइन अनुरोध कर सकते हैं। 

यह भी पढ़ें 👉  रामनगर: पुलिस के जाल में फंसा शातिर, 2 साल से इस कांड के बाद था फरार

शासन की ओर से आधार कार्ड बनाने व सुधार करने का जिम्मा निजी एजेंसी के बजाय सरकारी विभाग को सौंपा है। अब डाक विभाग फिर से आधार कार्ड में सुधार कराने व नए आधार कार्ड बनाने को अभियान चलाने जा रहा है। इसके लिए डाकियों को काम पर लगाया गया है।

पहाड़ प्रभात डैस्क

समाजशास्त्र में मास्टर की डिग्री के साथ (MAJMC) पत्रकारिता और जनसंचार में मास्टर की डिग्री। पत्रकारिता में 15 वर्ष का अनुभव। अमर उजाला, वसुन्धरादीप सांध्य दैनिक में सेवाएं दीं। प्रिंट और डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म में समान रूप से पकड़। राजनीतिक और सांस्कृतिक के साथ खोजी खबरों में खास दिलचस्‍पी। पाठकों से भावनात्मक जुड़ाव बनाना उनकी लेखनी की खासियत है। अपने लंबे करियर में उन्होंने ट्रेंडिंग कंटेंट को वायरल बनाने के साथ-साथ राजनीति और उत्तराखंड की संस्कृति पर लिखने में विशेषज्ञता हासिल की है। वह सिर्फ एक कंटेंट क्रिएटर ही नहीं, बल्कि एक ऐसे शख्स हैं जो हमेशा कुछ नया सीखने और ख़ुद को बेहतर बनाने के लिए तत्पर रहते हैं। देश के कई प्रसिद्ध मैगजीनों में कविताएं और कहानियां लिखने के साथ ही वह कुमांऊनी गीतकार भी हैं अभी तक उनके लिखे गीतों को कुमांऊ के कई लोकगायक अपनी आवाज दे चुके है। फुर्सत के समय में उन्हें संगीत सुनना, किताबें पढ़ना और फोटोग्राफी पसंद है। वर्तमान में पहाड़ प्रभात डॉट कॉम न्यूज पोर्टल और पहाड़ प्रभात समाचार पत्र के एडिटर इन चीफ है।